Breaking News

खरोरा में जबर गोहार सभा : मोजो मशरूम और उमा श्री राइस मिल के खिलाफ विरोध प्रदर्शन

Khojkhbarchhattisgarh.com

बरसते पानी में भी उमड़ी भीड़, प्रशासन को सौंपा ज्ञापन – 7 दिन में कार्रवाई नहीं हुई तो उग्र आंदोलन की  चेतावनी ?

ख़ोज ख़बर छत्तीसगढ संवाददाता रायपुर

रायपुर ग्रामीण के खरोरा खड़ में गौ माता की जालसाज हत्या, मोजो मशरूम कंपनी और उमा श्री राइस मिल से जुड़े गंभीर मुद्दों को लेकर रविवार को जबर गोहार सभा का आयोजन किया गया। तेज बारिश के बावजूद सभा स्थल पर प्रदेशभर से सैकड़ों सेनानी और ग्रामीणों की भीड़ उमड़ी। इस भारी जनसैलाब ने साफ कर दिया कि आंदोलन जनता की अस्मिता और छत्तीसगढ़ के स्वाभिमान से सीधे जुड़ा हुआ है।

सभा से उठे तीखे स्वर

सभा में जिले और प्रदेश स्तर के नेताओं ने सरकार और उद्योगपतियों पर तीखे प्रहार किए।

जिला अध्यक्ष योगेश साहू (JCP) ने कहा – “छत्तीसगढ़ की असली ताकत आम आदमी है, लेकिन आंदोलन छत्तीसगढ़िया कर रहे हैं और मलाई कोई और खा रहा है।”

क्रांति सेना जिला अध्यक्ष अजय वर्मा ने निशाना साधा – “सरकार ने अब तक एक भी ठोस काम नहीं किया, सिर्फ पोस्टरबाजी कर जनता को गुमराह किया जा रहा है।”

प्रदेश अध्यक्ष ने कहा – “छत्तीसगढ़ अब बीजेपी का नहीं, बल्कि अदानी का गढ़ बन चुका है। बाहरी व्यापारी व्यापार करें, इससे आपत्ति नहीं; लेकिन शोषण हुआ तो उन्हें वापस जाना होगा।”


जनता के सवाल प्रशासन पर भारी

सभा में उपस्थित ग्रामीणों ने जोरदार नारों के बीच सवाल उठाए –

“मोजो मशरूम और उमा श्री राइस मिल पर आज तक कार्यवाही क्यों नहीं हुई?”

“क्या ये कंपनियां नेताओं और मंत्रियों के संरक्षण में चल रही हैं?”

“क्या प्रशासन की बागडोर उद्योगपतियों को सौंप दी गई है?”


तहसील व थाना तक पैदल मार्च

सभा के बाद ग्रामीणों ने विशाल पैदल मार्च निकाला और तहसील व थाना पहुँचकर प्रशासन को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन के दौरान जनता और प्रशासन के बीच सवाल-जवाब का लंबा दौर चला। प्रशासन ने भरोसा दिलाया कि “7 दिनों के भीतर जांच कर दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।”

उग्र आंदोलन की चेतावनी

जनसभा में शामिल ग्रामीणों ने कहा –

“छत्तीसगढ़ियों का सब्र अब टूट चुका है, यदि न्याय नहीं मिला तो चक्काजाम, धरना और विधानसभा घेराव जैसे बड़े आंदोलन होंगे।”

“छत्तीसगढ़ केवल संसाधन लूटने का अड्डा नहीं है, यहां की संस्कृति और अस्मिता से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।”

About Santosh Kumar

Check Also

बस्तर पंडुम का राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने किया उद्घाटन

Khojkhbarchhattisgarh.com चार दशकों के माओवाद के बाद बस्तर में लौटी शांति : राष्ट्रपति रायपुर ख़ोज …